भारत के लिए रूसी तेल छोड़ना आसान नहीं: अमेरिकी दबाव, आर्थिक प्रभाव और चुनौतियां.
भारत
C
CNBC Awaaz08-02-2026, 10:05

भारत के लिए रूसी तेल छोड़ना आसान नहीं: अमेरिकी दबाव, आर्थिक प्रभाव और चुनौतियां.

  • भारत अपनी 85% तेल आवश्यकताओं का आयात करता है, जिसमें रूसी तेल सस्ता और भारतीय रिफाइनरियों के लिए उपयुक्त है.
  • अमेरिका ने भारत पर रूसी तेल खरीद बंद करने का दबाव बढ़ाया है, बदले में अमेरिकी और वेनेजुएला से तेल खरीदने पर टैरिफ में कमी की पेशकश की है.
  • अमेरिकी तेल पर स्विच करने से भारतीय रिफाइनरियों के लिए चुनौतियां हैं, जिसमें मिश्रण और प्रति बैरल $7 तक की लागत वृद्धि शामिल है.
  • विशेषज्ञों का मानना है कि रूसी तेल की खरीद पूरी तरह बंद करने से भारतीय अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव पड़ेगा, हालांकि हाल ही में खरीद कम हुई है.
  • रूस ने भारत के विविध तेल स्रोतों को स्वीकार किया है, जबकि भारत इराक, यूएई, सऊदी अरब, पश्चिम अफ्रीका और संभावित रूप से वेनेजुएला से विकल्प तलाश रहा है.

More like this

Loading more articles...