
सारा अर्जुन का 18 महीने की उम्र से बाल कलाकार के रूप में लंबा अनुभव धुरंधर में उनकी कास्टिंग को काफी प्रभावित किया।
धुरंधर में मुख्य महिला भूमिका के लिए कास्टिंग डायरेक्टर्स एक ऐसे नए चेहरे की तलाश में थे जिसका पहले कोई अनुभव न हो। इस भूमिका के लिए एक हजार से ज़्यादा लड़कियों ने ऑडिशन दिया।
उपलब्ध जानकारी के आधार पर, यह स्पष्ट नहीं है कि क्या मुकेश छाबड़ा का जारी किया गया ऑडिशन टेप भविष्य की कास्टिंग प्रक्रियाओं को फिर से परिभाषित करेगा।