
हाँ, बरसीम चारा अन्य क्षेत्रों में उगाया जा सकता है, जैसा कि धौलपुर, राजस्थान, सीतामढ़ी, बिहार और अंबिकापुर, छत्तीसगढ़ में इसकी खेती से प्रमाणित होता है।
बरसीम की खेती से कई दीर्घकालिक लाभ मिलते हैं, जिनमें दूध में वसा की मात्रा और उत्पादन में वृद्धि, पशुओं की रोग प्रतिरोधक क्षमता में सुधार, और किफायती, पौष्टिक चारे की लगातार उपलब्धता शामिल है।