गोवर्धन योजना: गोबर से खाद बनाएं, 10 हजार की सब्सिडी पाएं, किसानों की आय बढ़ेगी.
गोवर्धन योजना: गोबर से खाद बनाएं, 10 हजार की सब्सिडी पाएं, किसानों की आय बढ़ेगी.
- •गोवर्धन जैविक खाद योजना किसानों को गोबर से वर्मीकम्पोस्ट बनाने के लिए प्रोत्साहित करती है, जिससे रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम होती है और मिट्टी की उर्वरता बनी रहती है.
- •सरकार वर्मीकम्पोस्ट इकाई स्थापित करने के लिए कुल लागत पर 50% अनुदान देती है, जो अधिकतम 10 हजार रुपये तक है, जिससे छोटे और सीमांत किसानों को लाभ होता है.
- •किसान जैविक खाद बेचकर अतिरिक्त आय बढ़ा सकते हैं; योजना का लक्ष्य हर गांव में जैविक खाद संयंत्र स्थापित करना है ताकि मिट्टी को रसायनों से बचाया जा सके.
- •पात्रता के लिए किसान के पास अपनी कृषि योग्य भूमि और कम से कम तीन पशु होने चाहिए; वर्मीकम्पोस्ट बेड के लिए विशिष्ट मानक निर्धारित हैं (एक बेड 20x3x1.5-2 फीट, या दो 10 फीट के बेड).
- •आवेदन राज किसान साथी पोर्टल या ई-मित्र केंद्र के माध्यम से ऑनलाइन किया जा सकता है, जिसमें जमाबंदी, जनआधार कार्ड और लिंक मोबाइल नंबर आवश्यक हैं; यह योजना टिकाऊ और 'जीरो बजट खेती' को बढ़ावा देती है.