हार्वेस्टर मशीन: तेज, सस्ता, पर भूसा नहीं! किसान फायदे-नुकसान पर बंटे.
हार्वेस्टर मशीन: तेज, सस्ता, पर भूसा नहीं! किसान फायदे-नुकसान पर बंटे.
- •छतरपुर में मजदूरों की कमी और बढ़ती लागत के कारण हार्वेस्टर मशीनें लोकप्रिय हो रही हैं, जो पारंपरिक कटाई की जगह ले रही हैं.
- •मशीन मालिक भगवानचंद्र पटेल के अनुसार, हार्वेस्टर केवल अनाज काटते हैं, भूसा नहीं छोड़ते, जिससे अक्सर खेत जलाने या रीपर का उपयोग करने की नौबत आती है.
- •मशीन से कटाई का खर्च प्रति एकड़ 1,500 रुपये है, जबकि मजदूरों से 10,000 रुपये लगते हैं, जिससे किसानों का समय और पैसा बचता है.
- •किसान नत्थू पटेल मशीन की दक्षता की सराहना करते हैं, जो मौसम से फसल को नुकसान से बचाती है और कटाई प्रक्रिया को सरल बनाती है.
- •सुविधाजनक और तेज होने के बावजूद, हार्वेस्टर से भूसा न मिलने से पर्यावरणीय चिंताएं बढ़ती हैं यदि खेत जलाए जाते हैं.