सूर्योदय से पूर्व करे स्नान मनचाहा मिलेगा सूर्यदेव से वरदान 
पूर्णिया
N
News1820-01-2026, 16:37

माघ सप्तमी 2026: तिथि, महत्व और बेर-आक के पत्तों से स्नान का रहस्य

  • माघ सप्तमी 2026, 25 जनवरी को मनाई जाएगी, जो माघ मास के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि है.
  • इसे अचला सप्तमी, रथ सप्तमी और आरोग्य सप्तमी भी कहते हैं, यह भगवान सूर्य देव की जयंती है.
  • सूर्योदय से पहले आक और बेर के पत्तों से स्नान करने से मनोकामनाएं पूरी होती हैं और त्वचा रोग दूर होते हैं.
  • पूर्णिया के पंडित मनोत्पल झा के अनुसार, ब्रह्म मुहूर्त में माघी स्नान से स्वास्थ्य, धन, समृद्धि और खुशी मिलती है.
  • इन पत्तों से स्नान का वैज्ञानिक महत्व भी है, क्योंकि इनमें औषधीय गुण होते हैं जो त्वचा रोगों को ठीक करते हैं.

यह क्यों महत्वपूर्ण है?: माघ सप्तमी 2026, 25 जनवरी को है, इस दिन आक और बेर के पत्तों से स्नान स्वास्थ्य और समृद्धि लाता है.

More like this

Loading more articles...