भारत रूस के नेतृत्व वाले EAEU FTA के माध्यम से रक्षा निर्यात, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण पर केंद्रित है.

बिज़नेस
M
Moneycontrol•12-01-2026, 17:34
भारत रूस के नेतृत्व वाले EAEU FTA के माध्यम से रक्षा निर्यात, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण पर केंद्रित है.
- •भारत रूस के नेतृत्व वाले यूरेशियन इकोनॉमिक यूनियन (EAEU) के साथ मुक्त व्यापार समझौते (FTA) के माध्यम से रक्षा निर्यात और प्रौद्योगिकी हस्तांतरण को बढ़ावा देना चाहता है.
- •2015 में स्थापित EAEU में रूस, बेलारूस, कजाकिस्तान, आर्मेनिया और किर्गिस्तान शामिल हैं, जिसका उद्देश्य व्यापार और नियमों को सुव्यवस्थित करना है.
- •रूस को भारत का रक्षा निर्यात सीमित रहा है, जो 2019-20 में $18.3 मिलियन से घटकर 2022-23 में $1.2 मिलियन हो गया, फिर मामूली सुधार हुआ.
- •रूस 2020-2024 तक भारत के कुल हथियार आयात का 36% हिस्सा रहा है, जो भारत का सबसे बड़ा रक्षा आपूर्तिकर्ता है, भले ही भारत आपूर्तिकर्ताओं में विविधता ला रहा है.
- •FTA के लिए बातचीत अगस्त 2025 में शुरू हुई, पहली दौर की वार्ता नवंबर 2025 में हुई और दूसरा दौर फरवरी में अपेक्षित है.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: भारत FTA के माध्यम से रूस और EAEU के साथ अपने रक्षा व्यापार को पुनर्संतुलित करना चाहता है, निर्यात और प्रौद्योगिकी हस्तांतरण पर ध्यान केंद्रित कर रहा है.
✦
More like this
Loading more articles...





