आम आदमी के ल‍िए इंडियन इकॉनमी की ग्रोथ रेट के क्‍या मायने.
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News1829-01-2026, 18:20

भारत की इकोनॉमी 7.2% की तेज रफ़्तार पर, पर कच्चा तेल और ग्लोबल टेंशन बढ़ा सकता है टेंशन

  • आर्थिक सर्वेक्षण के अनुसार, भारत की आर्थिक वृद्धि दर वित्त वर्ष 2026-27 में 6.8% से 7.2% के बीच रहने का अनुमान है.
  • भारत घरेलू मांग और सरकारी खर्च से प्रेरित होकर दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था बना रहेगा.
  • सड़क, रेलवे और नए हवाई अड्डों में महत्वपूर्ण निवेश और प्रमुख महानगरों से परे निजी क्षेत्र का विस्तार विकास के प्रमुख चालक हैं.
  • मुद्रास्फीति धीरे-धीरे नियंत्रण में आ रही है, जिससे लोगों की क्रय शक्ति और उपभोक्ता खर्च बढ़ने की उम्मीद है.
  • कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें और वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव (जैसे रूस-यूक्रेन, मध्य पूर्व संघर्ष) भारत की विकास गति के लिए संभावित जोखिम हैं.

यह क्यों महत्वपूर्ण है?: भारत की अर्थव्यवस्था घरेलू मांग और निवेश से मजबूत वृद्धि के लिए तैयार है, लेकिन वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों और भू-राजनीतिक तनाव से जोखिमों का सामना कर रही है.

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