बड़ी बीमा प्रीमियम से परेशान हैं? सही फाइनेंसिंग विकल्प चुनने का तरीका जानें - ईएमआई गाइड.
Loading more articles...
बड़ी इंश्योरेंस प्रीमियम से हैं परेशान? जानिए सही फाइनेंसिंग ऑप्शन कैसे चुनें.
N
News18•19-02-2026, 16:33
बड़ी इंश्योरेंस प्रीमियम से हैं परेशान? जानिए सही फाइनेंसिंग ऑप्शन कैसे चुनें.
•इंश्योरेंस प्रीमियम के लिए 4 मुख्य फाइनेंसिंग विकल्प: प्रीमियम फाइनेंसिंग, क्रेडिट कार्ड EMI, पर्सनल लोन और इंश्योरर की इन-बिल्ट EMI सुविधा.
•प्रीमियम फाइनेंसिंग मासिक या त्रैमासिक किस्तों में भुगतान की सुविधा देता है, ब्याज दरें आमतौर पर 12-24% प्रति वर्ष और अवधि 3-12 महीने होती है.
•क्रेडिट कार्ड भुगतान को EMI में बदला जा सकता है, जिससे क्रेडिट स्कोर बेहतर हो सकता है, लेकिन अगर EMI में न बदला जाए तो ब्याज दरें बहुत अधिक हो सकती हैं.
•पर्सनल लोन बीमा कंपनियों को एकमुश्त भुगतान का विकल्प देते हैं, लेकिन लंबी अवधि के कारण कुल ब्याज अधिक हो सकता है.
•कई बीमा कंपनियाँ पॉलिसी के भीतर ही EMI का विकल्प प्रदान करती हैं, जिससे बाहरी ऋण की आवश्यकता के बिना नकदी प्रवाह का प्रबंधन आसान हो जाता है.