चैत्र नवरात्रि 2026: श्री वल्लियूरकावु भगवती मंदिर में मां भगवती की तीन विशेष रूपों में पूजा, आदिवासियों की आराध्य देवी.
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वायनाड के वल्लियूरकावु भगवती मंदिर में मां की तीन रूपों में पूजा, आदिवासियों की आराध्य देवी.
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News18•23-03-2026, 13:11
वायनाड के वल्लियूरकावु भगवती मंदिर में मां की तीन रूपों में पूजा, आदिवासियों की आराध्य देवी.
•केरल के वायनाड में स्थित वल्लियूरकावु भगवती मंदिर आदिवासी समुदायों का एक पूजनीय स्थल है.
•यहां मां भगवती की तीन अद्भुत रूपों - वन दुर्गा, भद्रकाली और जल दुर्गा - में पूजा की जाती है, जो प्रकृति और शक्ति का प्रतिनिधित्व करते हैं.
•मंदिर का निर्माण पुरानी झोपड़ी शैली में लकड़ी और फूस से हुआ है, और इसे 14वीं शताब्दी का माना जाता है, जो थिरुनेल्ली मंदिर के चार संरक्षक मंदिरों में से एक है.
•चैत्र और शारदीय नवरात्रि के दौरान, मंदिर में 14 दिवसीय अनुष्ठान होता है, जिसमें कलामेझुथु, ईदम कोरम और सोपान नृत्यम शामिल हैं.
•भक्तों का मानना है कि मां भगवती, अपने वल्लियूरक्कु रूप में, यहां मांगी गई हर मनोकामना पूरी करती हैं.