खरगोन का नवग्रह मेला 134वें वर्ष में, नए झूले और धार्मिक महत्व के साथ MP का दूसरा सबसे बड़ा मेला

खरगोन
N
News18•24-01-2026, 13:00
खरगोन का नवग्रह मेला 134वें वर्ष में, नए झूले और धार्मिक महत्व के साथ MP का दूसरा सबसे बड़ा मेला
- •खरगोन का नवग्रह मेला 134वें वर्ष में प्रवेश कर चुका है, जो ग्वालियर के बाद मध्य प्रदेश का दूसरा सबसे बड़ा और सबसे पुराना मेला है.
- •इस वर्ष मेले में 30 से अधिक झूले और 450 दुकानें हैं, जिनमें घरेलू सामान, खिलौने, कपड़े और भोजन उपलब्ध हैं, जो खरगोन और पड़ोसी जिलों से आगंतुकों को आकर्षित कर रहे हैं.
- •नए आकर्षणों में 'डांसिंग पाले' (तोरा-तोरा झूले का उन्नत संस्करण) और 'जीरो ग्रेविटी मिक्सर' शामिल हैं, जो युवाओं और बच्चों के बीच लोकप्रिय हैं.
- •4.87 लाख वर्ग फुट में फैले इस मेले में 16 लेन और 3 प्रवेश द्वार हैं, सुरक्षा के लिए 50 सीसीटीवी कैमरे और 10 पुलिसकर्मी तैनात हैं.
- •यह मेला धार्मिक महत्व रखता है, जो देश के एकमात्र सूर्य-प्रधान नवग्रह मंदिर के सामने आयोजित होता है, जिसमें भगवान नवग्रह की पारंपरिक 'जत्रा' भी होती है.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: खरगोन का 134 साल पुराना नवग्रह मेला, MP का दूसरा सबसे बड़ा, नए झूले, दुकानें और धार्मिक महत्व समेटे हुए है.
✦
More like this
Loading more articles...





