Loading...
आरवा-डूंगरी सीमा पर मानवता की मिसाल. ग्रामीण परिवार ने 60 दिन तक चिंकारा शावक की सेवा कर बचाई जान.
LIVE TV
LOCAL
HINDI
आपके लिए
मनोरंजन
राष्ट्रीय
खेल
बाजार
व्यवसाय और अर्थव्यवस्था
जीवनशैली
विश्व
ज्योतिष और धर्म
प्रौद्योगिकी
शिक्षा और नौकरियाँ
ऑटो
राजनीति
वायरल
विचार
Loading more articles...
Home
Local
Live TV
आरवा-डूंगरी सीमा पर मानवता की अनोखी कहानी! ग्रामीण परिवार ने 60 दिन तक की चिंकारा शावक की सेवा, बचाई नन्ही जान.
N
News18
•
27-02-2026, 14:30
आरवा-डूंगरी सीमा पर मानवता की अनोखी कहानी! ग्रामीण परिवार ने 60 दिन तक की चिंकारा शावक की सेवा, बचाई नन्ही जान.
•
राजस्थान के चितलवाना क्षेत्र में एक ग्रामीण परिवार ने एक असहाय चिंकारा शावक को 60 दिनों तक पाला और उसकी जान बचाई.
•
मोहितराम और उनकी बेटी पालू कुमारी को एक कमजोर चिंकारा शावक मिला, जिसे वे घर ले आए और उसका नाम 'सोनू' रखा.
•
परिवार की पालतू कुतिया 'कबर', जिसने हाल ही में पिल्लों को जन्म दिया था, ने सोनू को अपने पिल्लों के साथ दूध पिलाया.
•
सोनू और कबर के बीच एक अटूट बंधन बन गया, जो गांव में चर्चा का विषय बन गया.
•
60 दिनों के बाद, सोनू को 70 किलोमीटर दूर एक सुरक्षित जंगल में छोड़ा गया, इस दौरान कबर ने भावनात्मक प्रतिक्रिया दी.
News18 पर हिंदी में पूरा लेख पढ़ें
✦
More like this
✦
More like this
मृत मान ली गई पत्नी ने भेजा OTP, पति के छूटे पसीने, थाने पहुंचा तो खुला राज.
N
News18
जालोर: परिवार ने कुत्तों से हिरण के बच्चे को बचाया, 5 दिन दूध पिलाकर पाला.
N
News18
दमोह में नाले में बहने से 10 साल का रोहित गंभीर, जबलपुर रेफर
N
News18
22 साल बाद घर लौटे लापता शख्स, 24 साल के बेटे ने पहली बार देखा पिता को.
N
News18
सताली, अलीपुरद्वार में आक्रामक तेंदुआ पिंजरे में कैद: स्थानीय लोगों ने ली राहत की सांस
N
News18
तीन तलाक कानून के बावजूद पति ने फोन पर दिया तलाक, पीड़िता छोटे बच्चे संग भटकती रही.
N
News18