कोमिरेल्ली मल्लन मंदिर: एक अद्भुत धाम जहाँ हल्दी-कुमकुम अभिषेक से मिलती है समृद्धि
Loading more articles...
कोमिरेल्ली मल्लन मंदिर: हल्दी-कुमकुम से भक्ति का सुनहरा रंग.
N
News18•09-03-2026, 09:02
कोमिरेल्ली मल्लन मंदिर: हल्दी-कुमकुम से भक्ति का सुनहरा रंग.
•तेलंगाना के सिद्दीपेट जिले में श्री कोमिरेल्ली मल्लिकार्जुन स्वामी मंदिर अपनी अनूठी भक्ति और लोक संस्कृति के लिए प्रसिद्ध है.
•भक्त भगवान मल्लन को 'भंडारू' (पवित्र हल्दी और कुमकुम) और 'पटनम' (हल्दी-कुमकुम से बना रंगीन पानी) चढ़ाते हैं, जिससे मंदिर 'पसुपु मयम' बन जाता है.
•ओग्गू पुजारी हल्दी और कुमकुम के प्राकृतिक रंगों का उपयोग करके भगवान मल्लन के जीवन को दर्शाती रंगोली बनाते हैं.
•मल्लन को शिव का अवतार और चरवाहा समुदायों का कुलदेवता माना जाता है; ओग्गू कथा गायक उनकी वीर गाथाएँ सुनाते हैं.
•मकर संक्रांति से मार्च के मध्य तक चलने वाली मल्लन जतारा में हजारों भक्त आते हैं, महाशिवरात्रि पर रिकॉर्ड भीड़ देखी गई; हल्दी चढ़ाने से सौभाग्य और स्वास्थ्य मिलता है.