
भाजपा पश्चिम बंगाल में 84 आरक्षित सीटों, विशेष रूप से 16 आदिवासी सीटों पर ध्यान केंद्रित कर रही है, जिसमें 'आदिवासी गौरव' और एक नरम, अधिक स्थानीयकृत लहजे पर केंद्रित रणनीति का उपयोग किया जा रहा है।
हाँ, अन्य निर्वाचन क्षेत्रों में भी हमनाम उम्मीदवारों से जुड़ी ऐसी ही रणनीतियाँ देखी गई हैं।