बांग्लादेश की राजनीति में BNP और जमात: रणनीतिक प्रतिद्वंद्वी या सहयोगी?

ओपिनियन
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News18•01-02-2026, 17:31
बांग्लादेश की राजनीति में BNP और जमात: रणनीतिक प्रतिद्वंद्वी या सहयोगी?
- •BNP और जमात, जो लंबे समय से अवामी लीग विरोधी सहयोगी रहे हैं, अब चुनावी मुकाबले में लगे हुए दिख रहे हैं, जिससे इसकी वास्तविकता पर बहस छिड़ गई है.
- •जमात-ए-इस्लामी ने 1971 के मुक्ति संग्राम में अपनी भूमिका के बावजूद अपनी संगठनात्मक संरचना को बनाए रखा, जिसने इसे अवामी लीग के वैचारिक रूप से विपरीत खड़ा कर दिया.
- •जियाउर रहमान ने BNP बनाने के बाद धर्म-आधारित पार्टियों पर से प्रतिबंध हटा दिया, जिससे जमात का राजनीतिक पुनर्वास हुआ और धार्मिक राजनीति के लिए जगह फिर से खुल गई.
- •BNP और जमात ने अवामी लीग के खिलाफ चुनाव लड़ने के लिए अक्सर गठबंधन किया है, जिसमें जमात को अक्सर अधिक लाभप्रद स्थिति मिली है.
- •विश्लेषकों का सुझाव है कि वर्तमान प्रतिद्वंद्विता एक सामरिक चाल है, क्योंकि दोनों दल इस्लामी राष्ट्रवाद में वैचारिक जड़ें और अवामी लीग के खिलाफ रणनीतिक उद्देश्य साझा करते हैं.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: BNP और जमात के बीच स्पष्ट प्रतिद्वंद्विता उनकी साझा इतिहास और विचारधारा को देखते हुए एक रणनीतिक कदम होने की संभावना है.
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