पीएम मोदी की इजरायल यात्रा: रणनीतिक दृढ़ विश्वास, सिर्फ कूटनीति नहीं

F
Firstpost•01-03-2026, 10:29
पीएम मोदी की इजरायल यात्रा: रणनीतिक दृढ़ विश्वास, सिर्फ कूटनीति नहीं
- •2026 में पीएम मोदी की इजरायल की दूसरी यात्रा एक गहरे, दीर्घकालिक रणनीतिक साझेदारी का प्रतीक है, जो पारंपरिक कूटनीति से आगे बढ़ रही है.
- •इस यात्रा का उद्देश्य रक्षा, सुरक्षा और एआई व क्वांटम कंप्यूटिंग जैसी अगली पीढ़ी की प्रौद्योगिकी में सहयोग बढ़ाना है.
- •मोदी के तहत भारत की विदेश नीति 'डी-हाइफ़नेशन' पर जोर देती है, इजरायल और फिलिस्तीन के साथ संबंधों को अलग और स्वतंत्र मानती है.
- •इजरायल के साथ संबंध मजबूत करने के बावजूद, भारत अंतरराष्ट्रीय मंचों पर दो-राज्य समाधान और फिलिस्तीनी आत्मनिर्णय के लिए अपना समर्थन बनाए रखता है.
- •यह दृष्टिकोण भारत की रणनीतिक स्वायत्तता और एक अप्रत्याशित दुनिया में विविध हितों को संतुलित करने वाली एक बढ़ती वैश्विक शक्ति के रूप में उसकी भूमिका को दर्शाता है.
✦
More like this
Loading more articles...




