नदिया के हेडमास्टर ने बालू-ट्रे से बदला प्री-प्राइमरी बच्चों का सीखने का तरीका.

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News18•17-02-2026, 14:22
नदिया के हेडमास्टर ने बालू-ट्रे से बदला प्री-प्राइमरी बच्चों का सीखने का तरीका.
- •मायापुर पूर्ब मोल्लापारा प्राइमरी स्कूल के हेडमास्टर हिरन शेख ने अक्षर सिखाने के लिए एक अभिनव बालू-ट्रे विधि शुरू की है.
- •प्री-प्राइमरी के छात्र रेत से भरी ट्रे पर उंगलियों से अक्षर बनाकर बंगाली स्वर और व्यंजन सीखते हैं.
- •यह खेल-आधारित दृष्टिकोण बाल मनोविज्ञान का लाभ उठाता है, जिससे सीखना आकर्षक और मजेदार हो जाता है.
- •यह विधि हाथ-आँख समन्वय को बढ़ाती है और बच्चों को अक्षरों के आकार आसानी से याद रखने में मदद करती है.
- •आसान त्रुटि सुधार भय को कम करता है, और माता-पिता तथा शिक्षाविद् इस रचनात्मक पहल की प्रशंसा करते हैं.
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