महाराष्ट्र की राजनीति के 'पावर हाउस' कहे जाने वाले अजित पवार आज पंचतत्व में विलीन हो गए. गुरुवार को बारामती की सड़कों पर जो जनसैलाब उमड़ा, उसने यह साबित कर दिया कि 'दादा' केवल एक नेता नहीं, बल्कि लाखों लोगों की उम्मीद थे. कल हुए दर्दनाक विमान हादसे के बाद आज बारामती के विद्या प्रतिष्ठान मैदान में उनका अंतिम संस्कार राजकीय सम्मान के साथ किया गया. पूरे राज्य में आज मातम पसरा रहा और बारामती की हवाओं में केवल 'अजित दादा अमर रहे' की गूंज सुनाई दे रही थी.
मुंबई
N
News1829-01-2026, 16:52

सुप्रिया सुले ने अजित पवार के अंतिम संस्कार में संभाला परिवार, दिखाई अटूट हिम्मत

  • सुप्रिया सुले ने अजित पवार के अंतिम संस्कार में अपनी भाभी और भतीजों को दिलासा दिया, और रोती हुई चाची को सहारा दिया.
  • उन्होंने व्यवस्थाएं संभालीं, उपस्थित लोगों का अभिवादन किया और उन्हें धन्यवाद दिया, बार-बार महाराष्ट्र के विकास में अपने भाई के अमूल्य योगदान पर जोर दिया.
  • बारामती में अजित पवार की अंतिम यात्रा में हजारों शोक संतप्त लोग शामिल हुए, फूलों की वर्षा की और नारे लगाए, जो शहर के गहरे नुकसान को दर्शाता है.
  • डीजीसीए और फोरेंसिक विशेषज्ञ बारामती में विमान दुर्घटना की जांच कर रहे हैं, जिसके कारण अजित पवार का निधन हुआ, यह दुर्घटना एक जनसभा में जाते समय हुई थी.
  • केंद्रीय मंत्री रक्षा खडसे, अमित शाह और नितिन नबीन सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे, सभी ने महाराष्ट्र की राजनीति को हुए गहरे नुकसान को स्वीकार किया.

यह क्यों महत्वपूर्ण है?: सुप्रिया सुले ने अजित पवार के अंतिम संस्कार के दौरान उल्लेखनीय लचीलापन और नेतृत्व का प्रदर्शन किया, परिवार को सांत्वना दी और व्यवस्थाएं संभालीं.

More like this

Loading more articles...