इस पर्व में काली उरद दाल और चावल की खिचड़ी बनाई जाती है और दान भी किया जाता है।
धर्म
M
Moneycontrol10-01-2026, 14:51

मकर संक्रांति 2026: षटतिला एकादशी का दुर्लभ संयोग, खिचड़ी पर्व के लिए जानें उपाय.

  • मकर संक्रांति 2026 पर षटतिला एकादशी का दुर्लभ संयोग बन रहा है, जिससे खिचड़ी पर्व पर चावल के सेवन को लेकर भ्रम है.
  • ज्योतिष विशेषज्ञों के अनुसार, 14 जनवरी को दोपहर 3:07 बजे सूर्य धनु राशि से मकर राशि में प्रवेश करेंगे, इसी दिन संक्रांति मनाना उचित है.
  • मकर संक्रांति का महापुण्यकाल 14 जनवरी को दोपहर 3:07 बजे से शाम 6:00 बजे तक रहेगा.
  • माघ कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि 14 जनवरी को शाम 5:52 बजे समाप्त होगी, जिसके बाद चावल की खिचड़ी का सेवन और दान किया जा सकता है.
  • ऐसा संयोग 2003 में भी बना था, जब एकादशी और संक्रांति एक ही दिन पड़ी थीं, अब 23 साल बाद यह फिर से हुआ है.

यह क्यों महत्वपूर्ण है?: मकर संक्रांति और खिचड़ी पर्व 14 जनवरी को शाम 5:52 बजे के बाद मनाएं, एकादशी के चावल प्रतिबंध से बचें.

More like this

Loading more articles...