
यूक्रेनी ड्रोन हमलों ने रूस के उस्त-लूगा बंदरगाह को क्षतिग्रस्त कर दिया है, जो एक प्रमुख तेल निर्यात केंद्र है[1][5], और सेंट पीटर्सबर्ग में पुलकोवो हवाई अड्डे पर परिचालन बाधित कर दिया है[2]।
रूस और यूक्रेन दोनों लागत प्रभावी ड्रोन रणनीति विकसित कर रहे हैं, जिसमें यूक्रेन ड्रोन रक्षा प्रणालियाँ पेश कर रहा है और रूस सस्ते, पुन: प्रयोज्य ड्रोन विकसित कर रहा है [1][2][4]।