रत्न 
ज्योतिषीय सुझाव
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News1821-01-2026, 09:08

रत्न धारण करने के बाद न करें ये गलतियां, ज्योतिषी ने दी चेतावनी, आ सकता है संकट

  • अयोध्या के ज्योतिषी पंडित कल्कि राम के अनुसार, रत्न ग्रहों की ऊर्जा को शरीर में संचारित करते हैं और ग्रहों की कमजोरियों को मजबूत करते हैं.
  • रत्न धारण करने से पहले कुंडली में सक्रिय ग्रह दशा और नक्षत्र स्वामी पर विशेष ध्यान देना महत्वपूर्ण है, खासकर पुखराज और नीलम जैसे शक्तिशाली रत्नों के लिए ज्योतिषी से सलाह लें.
  • रत्नों की समय-समय पर जांच करें; यदि कोई रत्न टूटा या चटका हुआ हो तो उसे तुरंत हटा दें, क्योंकि यह नकारात्मक ऊर्जा का स्रोत बन जाता है.
  • सोते समय, नहाते समय या व्यायाम करते समय रत्न को कभी न उतारें, ऐसा करने से दुर्भाग्य आ सकता है और ग्रहों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है.
  • किसी और का रत्न न पहनें और न ही अपना पहना हुआ रत्न किसी को दें, क्योंकि इससे नकारात्मक ऊर्जा का संचार हो सकता है. पुखराज, मोती या माणिक जैसे रत्नों के साथ मांसाहार और शराब का सेवन न करें.

यह क्यों महत्वपूर्ण है?: ज्योतिषी से सलाह लें, रत्न की अखंडता बनाए रखें और नकारात्मक परिणामों से बचने के लिए सावधानियां बरतें.

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