मैसूर के हाथी पालक से हॉलीवुड लीजेंड तक: साबू दस्तगीर की अनकही कहानी.

फिल्में
N
News18•22-12-2025, 16:26
मैसूर के हाथी पालक से हॉलीवुड लीजेंड तक: साबू दस्तगीर की अनकही कहानी.
- •मैसूर के 13 वर्षीय साबू दस्तगीर इंटरनेट युग से बहुत पहले हॉलीवुड में मुख्य नायक बनने वाले पहले भारतीय अभिनेता थे.
- •मैसूर पैलेस में हाथी पालक के रूप में खोजे गए, उन्होंने निर्देशक रॉबर्ट फ्लेहर्टी की 1937 की हिट फिल्म 'एलिफेंट बॉय' में अभिनय किया.
- •उन्होंने 'द ड्रम', ऑस्कर विजेता 'द थीफ ऑफ बगदाद' और 'द जंगल बुक' जैसी फिल्मों से वैश्विक स्टारडम हासिल किया, हॉलीवुड 'वॉक ऑफ फेम' पर जगह बनाई.
- •साबू अमेरिकी नागरिक बने, द्वितीय विश्व युद्ध में 'टेल गनर' के रूप में सेवा की और 'डिस्टिंग्विश्ड फ्लाइंग क्रॉस' पदक से सम्मानित हुए.
- •पगड़ी वाले किरदारों में टाइपकास्ट होने के कारण उनका करियर ढलान पर आ गया; 1963 में 39 साल की उम्र में दिल का दौरा पड़ने से उनका निधन हो गया.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: मैसूर के हाथी पालक साबू दस्तगीर हॉलीवुड के पहले भारतीय नायक और एक वैश्विक आइकन बने.
✦
More like this
Loading more articles...





