बायोफ्लॉक क्रांति: बिना जमीन के बनें मछली पालन के किंग, 40% तक बढ़ाएं आय

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News18•02-02-2026, 16:57
बायोफ्लॉक क्रांति: बिना जमीन के बनें मछली पालन के किंग, 40% तक बढ़ाएं आय
- •वैशाली के किसान बायोफ्लॉक तकनीक को एक लाभदायक व्यवसाय मॉडल के रूप में अपना रहे हैं.
- •बायोफ्लॉक में मछली पालन सीमेंट या तिरपाल के टैंकों में होता है, जिससे बड़ी जमीन की आवश्यकता समाप्त हो जाती है.
- •यह तकनीक मछली के कचरे को प्रोटीन युक्त भोजन में बदल देती है, जिससे चारे की लागत 30% तक कम हो जाती है और पानी बदलने की परेशानी भी नहीं होती.
- •विशेषज्ञ अभिषेक कुमार के अनुसार, बायोफ्लॉक से मछली उत्पादन में 40% तक की वृद्धि होती है, और तिलापिया व रोहू जैसी मछलियां कम समय में अधिक वजन प्राप्त करती हैं.
- •रोग का जोखिम कम होने के कारण, यह सीमित संसाधनों वाले किसानों के लिए कम निवेश में अधिक आय का 'नया राजमार्ग' साबित हो रहा है.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: बायोफ्लॉक तकनीक बिना जमीन के भी मछली पालन को लाभदायक बनाती है, उत्पादन बढ़ाती है और लागत कम करती है.
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