पारंपरिक शेतीतून नैसर्गिक शेतीकडे वाटचाल 
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News1810-02-2026, 17:01

रासायनिक खाद के दुष्परिणाम: प्राकृतिक खेती से बढ़ाएं उत्पादन, कम करें लागत.

  • रासायनिक खाद से शुरुआत में उत्पादन बढ़ा, लेकिन अब मिट्टी की उर्वरता कम हो रही, जल प्रदूषण बढ़ रहा और किसानों के स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ रहा है.
  • प्राकृतिक खेती एक विकल्प के रूप में जोर पकड़ रही है, कृषि विशेषज्ञ महादेव बिक्कड ने इस पर जानकारी दी है.
  • प्राकृतिक खेती में धीरे-धीरे बदलाव करें: पहले मिट्टी की जांच करें, फिर रासायनिक खाद कम करें और जैविक खाद जैसे गोबर खाद और जीवामृत का उपयोग बढ़ाएं.
  • स्वदेशी बीजों का चयन और उपचार फसल की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाता है और कीटों को कम करता है, जिससे लागत में बचत होती है.
  • फसल योजना, अंतरफसल, मिश्रित फसल और हाथ से खरपतवार निकालना मिट्टी के स्वास्थ्य को बनाए रखता है और रासायनिक खरपतवारनाशकों पर निर्भरता कम करता है.

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