दीपिका पादुकोण के 5 कालातीत संवाद: फिल्मों से जीवन के गहरे सबक.

जीवनशैली
M
Moneycontrol•05-01-2026, 12:49
दीपिका पादुकोण के 5 कालातीत संवाद: फिल्मों से जीवन के गहरे सबक.
- •"जितना भी ट्राई करो, लाइफ में कुछ न कुछ तो छूटेगा ही…" (ये जवानी है दीवानी): जीवन में सब कुछ हासिल नहीं किया जा सकता, वर्तमान में जीने का महत्व सिखाता है.
- •"बेशर्म, बदतमीज़, खुदगर्ज होता है, पर प्यार तो ऐसा ही होता है." (राम लीला): यह संवाद प्यार की जुनूनियत और निस्वार्थता को दर्शाता है, भले ही वह समाज की नजरों में गलत लगे.
- •"अधूरी मुलाकात ही तो फिर से मिलने का वादा होता है." (बाजीराव मस्तानी): यह संवाद बिछड़े प्रेमियों को फिर से मिलने की उम्मीद देता है, जुदाई के दर्द के बावजूद.
- •"गिव इट सम टाइम, एवरीथिंग विल बी ऑलराइट" (ये जवानी है दीवानी): यह संवाद धैर्य रखने और समय के साथ सब ठीक होने का भरोसा दिलाता है, क्योंकि समय सबसे बड़ा मरहम है.
- •"एक उम्र के बाद मां-बाप खुद से नहीं जीते, उन्हें जीना पड़ता है... जिम्मेदारी उनकी औलाद की होती है." (पीकू): यह संवाद बच्चों को माता-पिता के प्रति उनकी जिम्मेदारी याद दिलाता है, जीवन चक्र को दर्शाता है.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: दीपिका पादुकोण के फिल्म संवाद जीवन के लिए कालातीत ज्ञान और प्रेरणा देते हैं.
✦
More like this
Loading more articles...





