
नक्सल मुक्त क्षेत्रों में सड़कों, स्कूलों और अस्पतालों के निर्माण सहित तीव्र विकास होगा।
भारत ने 31 मार्च, 2026 तक खुद को नक्सल मुक्त घोषित कर दिया है, लेकिन सामाजिक असमानताओं के कारण इस विचारधारा के आकर्षक बने रहने की संभावना एक सतत चुनौती पेश करती है।