मद्रास हाईकोर्ट के जस्टिस स्वामीनाथन ने पैगंबर मोहम्मद की शिक्षाओं का जिक्र करते हुए न्याय और निष्पक्षता का संदेश दिया.
देश
N
News1821-12-2025, 12:47

जस्टिस स्वामीनाथन ने पैगंबर मोहम्मद की सीख से दिलाया 18 साल बाद वकील को हक.

  • मद्रास हाई कोर्ट के जस्टिस जी.आर. स्वामीनाथन ने, जिन पर महाभियोग की तैयारी है, एक मामले की सुनवाई के दौरान पैगंबर मोहम्मद की सीख "मजदूर को उसका पसीना सूखने से पहले मजदूरी दो" का हवाला दिया.
  • यह टिप्पणी वकील पी. तिरुमलई के 18 साल से लंबित 13.05 लाख रुपये के शुल्क भुगतान के मामले में आई, जो मदुरै म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन से बकाया था.
  • जस्टिस स्वामीनाथन ने न्याय और निष्पक्षता के सिद्धांत पर जोर दिया, सरकारी संस्थानों द्वारा वैध शुल्क में देरी और कुछ वरिष्ठ वकीलों को अत्यधिक शुल्क देने की आलोचना की.
  • उन्होंने राज्य में अतिरिक्त एडवोकेट जनरल की अत्यधिक नियुक्तियों पर भी नाराजगी व्यक्त की, इसे "शर्मिंदगी का विषय" बताया.
  • अदालत ने मदुरै म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन को दो महीने के भीतर तिरुमलई का शुल्क चुकाने का निर्देश दिया, हालांकि वकील की देरी के कारण बिना ब्याज के.

यह क्यों महत्वपूर्ण है?: जस्टिस स्वामीनाथन ने धार्मिक सीख से न्याय का मार्ग प्रशस्त किया, कानूनी शुल्क भुगतान में प्रणालीगत खामियों को उजागर किया.

More like this

Loading more articles...