हरिद्वार में गंगाजल सील करने की अनोखी अग्नि कला आज भी जीवित

हरिद्वार
N
News18•19-01-2026, 20:06
हरिद्वार में गंगाजल सील करने की अनोखी अग्नि कला आज भी जीवित
- •हरिद्वार, गंगा के तट पर स्थित एक पवित्र शहर है, जहाँ गंगा पहली बार पहाड़ों से मैदानों में उतरती है, जिसका अत्यधिक धार्मिक महत्व है.
- •भक्त विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों के लिए गंगाजल एकत्र करते हैं, इसे एक पवित्र तत्व मानते हैं.
- •आजकल प्लास्टिक के डिब्बे आम हैं, लेकिन कुछ भक्त अभी भी तांबे या पीतल के बर्तनों को पसंद करते हैं, यह मानते हुए कि वे पवित्रता को लंबे समय तक बनाए रखते हैं.
- •हर की पौड़ी के पास जान्हवी मार्केट में कारीगर मिश्रीलाल, गंगाजल के धातु के बर्तनों को आग से सील करने की सदियों पुरानी परंपरा को जारी रखे हुए हैं.
- •यह अनूठी सीलिंग विधि सुनिश्चित करती है कि एक बूंद भी न गिरे, जिससे गंगाजल की पवित्रता लंबे समय तक समारोहों के लिए बनी रहती है.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: हरिद्वार में गंगाजल को धातु के बर्तनों में सील करने की प्राचीन अग्नि-कला परंपरा और पवित्रता को जीवित रखती है.
✦
More like this
Loading more articles...





