भारत-ओमान: पश्चिम एशिया में प्राचीन संबंध, नया रणनीतिक और आर्थिक भविष्य.

समाचार
F
Firstpost•19-12-2025, 13:02
भारत-ओमान: पश्चिम एशिया में प्राचीन संबंध, नया रणनीतिक और आर्थिक भविष्य.
- •भारत और ओमान के बीच सदियों पुराने समुद्री संबंध हैं, जो ऐतिहासिक व्यापार से आधुनिक रणनीतिक साझेदारी में बदल रहे हैं.
- •पीएम नरेंद्र मोदी की हालिया यात्रा अस्थिर हिंद महासागर के बीच संबंधों को मजबूत करते हुए एक ठोस रणनीतिक भविष्य की ओर बदलाव का संकेत देती है.
- •ओमान भारतीय नौसेना को दुक्म बंदरगाह तक लॉजिस्टिक्स पहुंच प्रदान करता है, जो भारत के लिए एक भू-राजनीतिक केंद्र है, साथ ही 'अल नजा' और 'नसीम अल बहर' जैसे संयुक्त सैन्य अभ्यास भी होते हैं.
- •एक मुक्त व्यापार समझौता (FTA) द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ावा देने, भारतीय निर्यात पर शुल्क हटाने और हाइड्रोकार्बन से परे आर्थिक संबंधों को मजबूत करने के लिए तैयार है.
- •ओमान की स्थिरता और भारत की सुरक्षा अनिवार्यताएं मेल खाती हैं, जिससे ओमान खाड़ी के लिए एक विश्वसनीय प्रवेश द्वार और क्षेत्रीय स्थिरता में एक प्रमुख भागीदार बन गया है.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: भारत और ओमान अपने गहरे ऐतिहासिक बंधन को एक मजबूत रणनीतिक और आर्थिक गठबंधन में बदल रहे हैं.
✦
More like this
Loading more articles...





