टॉपर नहीं, 'एवरेज' छात्र बन रहे सफल: कंपनियां बदल रही हैं प्राथमिकताएं, बैकबेंचर बन रहे अरबपति.

शिक्षा
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News18•26-12-2025, 16:05
टॉपर नहीं, 'एवरेज' छात्र बन रहे सफल: कंपनियां बदल रही हैं प्राथमिकताएं, बैकबेंचर बन रहे अरबपति.
- •शोध से पता चलता है कि 'ए-ग्रेड' छात्र अक्सर व्यावहारिक जीवन में पीछे रह जाते हैं, जबकि औसत प्रदर्शन करने वाले अधिक सफल होते हैं.
- •शिक्षा प्रणाली रटने पर जोर देती है, जबकि वास्तविक जीवन में जोखिम लेने, नवाचार और अनुकूलनशीलता की आवश्यकता होती है.
- •टॉपर अक्सर पूर्णतावाद के कारण असफलता से डरते हैं, जबकि औसत छात्र असफलताओं से लचीलापन विकसित करते हैं.
- •जीवन की 80% सफलता के लिए महत्वपूर्ण EQ (भावनात्मक बुद्धिमत्ता) अक्सर औसत छात्रों में बेहतर सामाजिक कौशल के कारण अधिक होता है.
- •कंपनियां रटने वाले छात्रों के बजाय समस्या-समाधान और रचनात्मकता वाले स्मार्ट दिमाग को प्राथमिकता दे रही हैं.
यह क्यों महत्वपूर्ण है?: वास्तविक जीवन में सफलता के लिए रटने की बजाय अनुकूलनशीलता, लचीलापन और EQ महत्वपूर्ण हैं.
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