आयुर्वेद में कई जड़ी-बूटियों से अनियमित पीरियड्स का इलाज किया जाता है.
जीवनशैली
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News1828-01-2026, 15:24

20 साल की लड़की के अनियमित पीरियड्स: आयुर्वेद और एलोपैथी में समाधान

  • 20 साल की लड़की की अनियमित पीरियड्स की समस्या पर आधारित रिपोर्ट, जो मानसिक तनाव का कारण बनती है.
  • आयुर्वेदाचार्य डॉ. सरोज गौतम के अनुसार, कम वजन, एनीमिया, हार्मोनल असंतुलन, PCOS, थायराइड, खराब दिनचर्या, तनाव और कमजोर पाचन इसके प्रमुख कारण हो सकते हैं.
  • आयुर्वेद में शतावरी, अशोक की छाल, लोध्र और एलोवेरा जैसी जड़ी-बूटियां हार्मोन संतुलन और प्रजनन स्वास्थ्य के लिए सहायक हैं, लेकिन विशेषज्ञ की सलाह आवश्यक है.
  • नियमित पीरियड्स के लिए संतुलित आहार, पर्याप्त नींद, व्यायाम और ध्यान के माध्यम से तनाव कम करना महत्वपूर्ण है.
  • एलोपैथी में अनियमित पीरियड्स का इलाज अंतर्निहित कारण (PCOS, थायराइड, हार्मोनल असंतुलन) के आधार पर हार्मोनल दवाओं या विशिष्ट दवाओं से किया जाता है, साथ ही जीवनशैली में बदलाव भी सुझाए जाते हैं.

यह क्यों महत्वपूर्ण है?: अनियमित पीरियड्स के लिए आयुर्वेद और एलोपैथी दोनों में निदान, उपचार और जीवनशैली में बदलाव पर जोर दिया जाता है.

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