रमजान 2026: रोजा सिर्फ भूख का नहीं, नजर, जुबान और नियत का भी, जानिए किन कामों से बचें.
रमजान 2026: रोजा सिर्फ भूख का नहीं, नजर, जुबान और नियत का भी, जानिए किन कामों से बचें.
- •रमजान में रोजा इस्लाम के पांच फर्जों में से एक है, जो आत्मनिरीक्षण और तकवा (पवित्रता) पर जोर देता है.
- •यह सिर्फ खाने-पीने से परहेज नहीं, बल्कि नियत, नजर, जुबान और व्यवहार पर नियंत्रण का भी इम्तिहान है.
- •रोजे के दौरान झूठ बोलने, गीबत करने, गाली-गलौज और बुरी नियत से बचना जरूरी है.
- •यह महीना आत्म-नियंत्रण, व्यवहार सुधारने और जरूरतमंदों के दर्द को समझने का अवसर देता है.
- •रमजान व्यक्तिगत बदलाव का मौका है, जो रोजे के बाद भी बेहतर आदतें अपनाने में मदद करता है.