हैदराबाद के महबूब चौक क्लॉक टॉवर का इंजीनियरिंग रहस्य उजागर
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महबूब चौक क्लॉक टॉवर: बिना चाबी के चलने वाली घड़ी का रहस्य उजागर
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News18•18-03-2026, 07:23
महबूब चौक क्लॉक टॉवर: बिना चाबी के चलने वाली घड़ी का रहस्य उजागर
•हैदराबाद के चारमीनार के पास स्थित महबूब चौक क्लॉक टॉवर 1892 से इतिहास का गवाह रहा है.
•नवाब आसमान जाह ने छठे निज़ाम, मीर महबूब अली खान के सम्मान में इस पांच मंजिला टॉवर का निर्माण करवाया था.
•स्थानीय किंवदंतियों में इसे 'बिना चाबी' या हवा के दबाव से चलने वाली जादुई घड़ी कहा जाता था, लेकिन यह एक जटिल 'मैकेनिकल वेट-ड्रिवन सिस्टम' पर आधारित है.
•इस प्रणाली में, भारी लोहे के वज़न गुरुत्वाकर्षण के कारण धीरे-धीरे नीचे उतरते थे, जिससे पेंडुलम को ऊर्जा मिलती थी और घड़ी की सुइयां चलती थीं.
•विशेषज्ञों के अनुसार, घड़ी को चलाने के लिए हर हफ्ते वज़न को ऊपर खींचना पड़ता था, जिसे 'वाइंडिंग' कहा जाता था, जिसके बाद यह सात दिनों तक चलती थी. 2018-19 में GHMC और विरासत विशेषज्ञों ने इसे बहाल किया.