खीरा-बूंदी नहीं, गर्मियों में ठंडक देगा फूलों वाला ये पहाड़ी रायता, स्वाद ऐसा चाटते रह जाएंगे उंगलियां.
खीरा-बूंदी नहीं, गर्मियों में ठंडक देगा फूलों वाला ये पहाड़ी रायता, स्वाद ऐसा चाटते रह जाएंगे उंगलियां.
- •पहाड़ों में बनने वाला कोइरल रायता खीरा या बूंदी रायते से बिल्कुल अलग और खास है, जो जंगली सब्जी कोइरल से बनता है.
- •कोइरल को उबालकर, सिलबट्टे पर पीसकर दही में मिलाया जाता है, जिसमें नमक, हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर और हरी मिर्च डाली जाती है.
- •रायते का असली स्वाद शुद्ध घी में 'शैक्वा' और थोड़ी हल्दी के तड़के से आता है, जो इसकी खुशबू और स्वाद को बढ़ा देता है.
- •स्थानीय निवासी नर्मदा देवी के अनुसार, कोइरल रायता स्वादिष्ट होने के साथ-साथ पेट के लिए भी बहुत अच्छा है.
- •यह रायता पाचन में सहायता करता है, पेट की जलन से राहत देता है और लूज मोशन जैसी समस्याओं में भी फायदेमंद है.